JyotishGenवैदिक ज्योतिष

शनि गोचर · वृषभ चंद्र राशि

वृषभ राशि की साढ़े साती 2027–2034

वृषभ चंद्र राशि पर अभी साढ़े साती नहीं है (अभी: न साढ़े साती, न ढैया)। अगली साढ़े साती 3 जून 2027 से 12 जुला॰ 2034 तक रहेगी।

अद्यतन: 18 अक्टू॰ 2026 · भारतीय (निरयण, लाहिड़ी) गणना

वृषभ की साढ़े साती 2027–2034: तीनों चरण

चरणशनि कहाँआरंभसमाप्त
पहला चरणशनि मेष में (चंद्र से 12वाँ)3 जून 20277 अग॰ 2029
दूसरा (मध्य) चरणशनि वृषभ में (चंद्र पर)8 अग॰ 202930 मई 2032
तीसरा चरणशनि मिथुन में (चंद्र से 2रा)31 मई 203212 जुला॰ 2034

चरणों की तारीख़ें शनि के पहली बार राशि में आगे बढ़कर प्रवेश करने की हैं। वक्री (उल्टी) चाल में शनि कुछ महीनों के लिए पिछली राशि में लौट सकता है; नीचे पूरी चाल दी गई है।

इस साढ़े साती में शनि की चाल

तारीख़शनिचाल
3 जून 2027मेषआगे बढ़कर प्रवेश
20 अक्टू॰ 2027मीनवक्री होकर वापस
23 फ़र॰ 2028मेषआगे बढ़कर प्रवेश
8 अग॰ 2029वृषभआगे बढ़कर प्रवेश
5 अक्टू॰ 2029मेषवक्री होकर वापस
17 अप्रैल 2030वृषभआगे बढ़कर प्रवेश
31 मई 2032मिथुनआगे बढ़कर प्रवेश
13 जुला॰ 2034कर्कआगे बढ़कर प्रवेश; साढ़े साती समाप्त

वृषभ राशि: वर्ष-दर-वर्ष शनि की स्थिति

वर्षस्थिति
2026न साढ़े साती, न ढैया (पूरा वर्ष)
20271 जन॰ – 2 जून: न साढ़े साती, न ढैया
3 जून – 19 अक्टू॰: साढ़े साती, पहला चरण
20 अक्टू॰ – 31 दिस॰: न साढ़े साती, न ढैया
20281 जन॰ – 22 फ़र॰: न साढ़े साती, न ढैया
23 फ़र॰ – 31 दिस॰: साढ़े साती, पहला चरण
20291 जन॰ – 7 अग॰: साढ़े साती, पहला चरण
8 अग॰ – 4 अक्टू॰: साढ़े साती, दूसरा (मध्य) चरण
5 अक्टू॰ – 31 दिस॰: साढ़े साती, पहला चरण
20301 जन॰ – 16 अप्रैल: साढ़े साती, पहला चरण
17 अप्रैल – 31 दिस॰: साढ़े साती, दूसरा (मध्य) चरण

वृषभ वालों के लिए हर चरण का अर्थ

पहला चरण (शनि मेष में, चंद्र से बारहवाँ): खर्च, यात्रा, नींद में बाधा और अकेलेपन का भाव। पुरानी चीज़ें छूटती हैं; साधना और बचत के लिए अच्छा समय।

दूसरा चरण (शनि वृषभ में, ठीक चंद्रमा पर): सबसे भारी हिस्सा। ज़िम्मेदारी और थकान बढ़ती है, फल देर से मिलते हैं, मन पर दबाव रहता है। नियमित दिनचर्या, स्वास्थ्य पर ध्यान और बड़े जोखिमों से बचना सहायक है।

तीसरा चरण (शनि मिथुन में, चंद्र से दूसरा): धन, वाणी और परिवार के मामलों में सावधानी। दबाव धीरे-धीरे घटता है और मेहनत का फल दिखने लगता है।

वृषभ के स्वामी शुक्र, शनि के मित्र हैं, इसलिए परंपरा मानती है कि वृषभ वालों के लिए साढ़े साती अपेक्षाकृत हल्की रहती है। पहले चरण में शनि मेष में नीच (सबसे निर्बल) रहता है, इसलिए यह चरण अधिक कठिन माना जाता है। आपकी अपनी कुंडली में शनि की स्थिति, दशा और अष्टकवर्ग से असर बहुत बदल जाता है; साढ़े साती हर किसी के लिए बुरी नहीं होती।

वृषभ पर ढैया (ढाई साल)

ढैया तब होती है जब शनि चंद्र राशि से चौथे (कंटक शनि) या आठवें (अष्टम शनि) भाव में हो। अगली ढैया:

वृषभ की पिछली और आगे की साढ़े साती

अवधिआरंभमध्य चरणसमाप्त
1998–200517 अप्रैल 19986 जून 200025 मई 2005
2057–20647 अप्रैल 205727 मई 20598 मई 2064

साढ़े साती के उपाय

रत्न (जैसे नीलम) बिना अपनी पूरी कुंडली दिखाए न पहनें।

अपनी कुंडली से देखें। दोष जाँच में जन्म-विवरण भरकर अपनी सटीक साढ़े साती तिथियाँ देखें, या वृषभ का 2026–27 गोचर फल पढ़ें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या अभी वृषभ राशि पर साढ़े साती है?

नहीं। अभी वृषभ की स्थिति: न साढ़े साती, न ढैया। अगली साढ़े साती 3 जून 2027 से शुरू होगी।

क्या 2026 में वृषभ राशि पर साढ़े साती है?

नहीं। 2026 में वृषभ पर साढ़े साती नहीं है। उस वर्ष की स्थिति: न साढ़े साती, न ढैया (पूरा वर्ष)।

क्या 2027 में वृषभ राशि पर साढ़े साती है?

हाँ। 2027 में वृषभ की स्थिति: 1 जन॰ – 2 जून: न साढ़े साती, न ढैया; 3 जून – 19 अक्टू॰: साढ़े साती, पहला चरण; 20 अक्टू॰ – 31 दिस॰: न साढ़े साती, न ढैया।

क्या 2028 में वृषभ राशि पर साढ़े साती है?

हाँ। 2028 में वृषभ की स्थिति: 1 जन॰ – 22 फ़र॰: न साढ़े साती, न ढैया; 23 फ़र॰ – 31 दिस॰: साढ़े साती, पहला चरण।

वृषभ की अगली साढ़े साती कब है?

अगली साढ़े साती 3 जून 2027 से 12 जुला॰ 2034 तक रहेगी। शनि को बारहों राशियों का चक्कर लगाने में लगभग 29½ वर्ष लगते हैं, इसलिए साढ़े साती लगभग हर तीस वर्ष में लौटती है।

क्या यह मेरी लग्न राशि से देखी जाती है या चंद्र राशि से?

साढ़े साती जन्म के समय चंद्रमा की राशि (चंद्र राशि) से देखी जाती है, लग्न या सूर्य राशि से नहीं। अपनी चंद्र राशि नक्षत्र खोजक में देखें।

दूसरी राशियों की साढ़े साती

ज्योतिष एक पारंपरिक पद्धति है, विज्ञान नहीं। इसे शनि की चाल के कैलेंडर की तरह देखें, और किसी बड़े निर्णय से पहले किसी भरोसेमंद ज्योतिषी से बात करें।